चकिया: भोले के दरबार में उमड़ेगी आस्था की गंगा, इंस्पेक्टर अर्जुन सिंह की निगरानी में अभेद्य सुरक्षा व्यवस्था, लाखों श्रद्धालुओं करेंगे दर्शन
सावन के प्रथम सोमवार पर बाबा जागेश्वरनाथ धाम में अभेद्य सुरक्षा, लाखों श्रद्धालुओं के स्वागत को तैयार प्रशासन

सावन के प्रथम सोमवार पर बाबा जागेश्वरनाथ धाम में अभेद्य सुरक्षा, लाखों श्रद्धालुओं के स्वागत को तैयार प्रशासन
चकिया, चंदौली। सावन के प्रथम सोमवार पर आस्था का प्रमुख केंद्र बाबा जागेश्वरनाथ धाम एक बार फिर शिवभक्तों के जनसैलाब का साक्षी बनने जा रहा है। भोर से ही लाखों श्रद्धालुओं के जलाभिषेक और दर्शन-पूजन के लिए पहुंचने की संभावना को देखते हुए मंदिर प्रबंधन और पुलिस प्रशासन ने तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया है। पूरे मेला क्षेत्र को सुरक्षा के मजबूत घेरे में तब्दील कर दिया गया है, ताकि श्रद्धालु पूरी श्रद्धा और निश्चिंतता के साथ भगवान भोलेनाथ के दर्शन कर सकें।
मंदिर परिसर को आकर्षक ढंग से सजाया गया है, जबकि श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए प्रवेश और निकास की अलग-अलग व्यवस्था की गई है। महिलाओं और पुरुषों के लिए अलग-अलग कतारें बनाई गई हैं, जिससे दर्शन व्यवस्था सुचारु रूप से संचालित हो सके।
चकिया इंस्पेक्टर अर्जुन सिंह ने बताया कि सावन के प्रथम सोमवार पर सुरक्षा व्यवस्था को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। पूरे मेला क्षेत्र की निगरानी अत्याधुनिक सीसीटीवी कैमरों और ड्रोन कैमरों से की जाएगी। इसके साथ ही सादे वर्दी में महिला एवं पुरुष पुलिसकर्मियों की तैनाती रहेगी, ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई की जा सके।
उन्होंने बताया कि पीएसी के जवानों के साथ स्थानीय पुलिस की संयुक्त तैनाती की गई है। मेला क्षेत्र में कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है, जहां से प्रत्येक गतिविधि पर लगातार नजर रखी जाएगी। श्रद्धालुओं की सहायता के लिए अलग से सहायता शिविर भी संचालित रहेगा।
चैन स्नैचिंग, जेबकतरी और अन्य असामाजिक गतिविधियों पर विशेष नजर रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल लगाया गया है। मुरारपुर तिराहे, हेतिमपुर मुख्य द्वार, नेवाजगंज मार्ग, मंदिर प्रांगण और गर्भगृह तक सुरक्षा के कई घेरों में पुलिस एवं पीएसी के जवान तैनात रहेंगे। पूरे क्षेत्र की मॉनिटरिंग लगातार की जाएगी।
उन्होंने श्रद्धालुओं से अपील की कि वे प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें, कतारबद्ध होकर दर्शन करें तथा किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें।
भोर में मंदिर के कपाट खुलने के साथ ही जलाभिषेक का क्रम शुरू हो जाएगा। इसके अलावा क्षेत्र के अन्य प्रमुख शिवालयों पर भी पुलिस प्रशासन की विशेष निगरानी रहेगी, जिससे सावन का यह महापर्व पूरी श्रद्धा, शांति और सुरक्षा के वातावरण में संपन्न हो सके।




