लखनऊ में मोमिन अंसार सभा का 16वां पसमांदा सम्मेलन सम्पन्न, चंदौली के निसार अहमद अंसारी सम्मानित
ऑल इंडिया मोमिन अंसार सभा का 16वां पसमांदा सामाजिक व सियासी वकार बचाओ सम्मेलन शनिवार को रविंद्रालय चारबाग, लखनऊ में सम्पन्न हुआ। सम्मेलन में देश के विभिन्न राज्यों से पदाधिकारी, समाजसेवी व प्रतिनिधियों ने भाग लिया।

लखनऊ में मोमिन अंसार सभा का 16वां पसमांदा सम्मेलन सम्पन्न, चंदौली के निसार अहमद अंसारी सम्मानित
चंदौली/लखनऊ। ऑल इंडिया मोमिन अंसार सभा का 16वां पसमांदा सामाजिक व सियासी वकार बचाओ सम्मेलन शनिवार को रविंद्रालय चारबाग, लखनऊ में सम्पन्न हुआ। सम्मेलन में देश के विभिन्न राज्यों से पदाधिकारी, समाजसेवी व प्रतिनिधियों ने भाग लिया। चंदौली जनपद से जिला अध्यक्ष निसार अहमद अंसारी एडवोकेट, श्रीमती सलमा आगा, नरगिस आजाद, सलमान अहमद अंसारी व बिलाल अहमद अंसारी ने शिरकत की।
सम्मेलन में संगठन के प्रति उत्कृष्ट कार्यों के लिए चंदौली जिला अध्यक्ष निसार अहमद अंसारी एडवोकेट को राष्ट्रीय अध्यक्ष द्वारा प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। अपने संबोधन में उन्होंने चंदौली जनपद में संगठन को मजबूत करने के लिए किए गए प्रयासों का उल्लेख करते हुए आने वाली चुनौतियों से राष्ट्रीय नेतृत्व को अवगत कराया।
सम्मेलन के दौरान सिविल सेवा परीक्षा में सफलता पाने वाले अबूजर अंसारी को फख्र-ए-अंसार अवार्ड, उत्तर प्रदेश न्यायिक सेवा परीक्षा में सफल सुहेल वहीद को सामाजी खिदमत अवार्ड, नबीला अंसारी को तालीमी अवार्ड, जबकि रईस अहमद व मंसूर जमाल को मुमताज अंसार अवार्ड से सम्मानित किया गया।
सम्मेलन में वक्ताओं ने पसमांदा समाज की शिक्षा, रोजगार और राजनीतिक भागीदारी पर जोर दिया। सरकार से मांग की गई कि पसमांदा समाज को मुफ्त राशन देने के बजाय मुफ्त शिक्षा उपलब्ध कराई जाए। साथ ही जिलों में होने वाली विकास कार्यों की महत्वपूर्ण बैठकों में मोमिन अंसार सभा की भागीदारी सुनिश्चित करने तथा बुनकरों को फ्लैट रेट पर बिजली देने की मांग उठाई गई।
राज्य सरकार के प्रतिनिधि के रूप में अल्पसंख्यक कल्याण एवं हज राज्य मंत्री दानिश आजाद अंसारी ने कहा कि पसमांदा समाज की शिक्षा, रोजगार और सुरक्षा के लिए सरकार हर संभव सहयोग करेगी। उन्होंने बताया कि वर्ष 2026 के बजट में बुनकरों के लिए 4423 करोड़ रुपये की सब्सिडी का प्रावधान किया गया है।
सम्मेलन को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष मोहम्मद अकरम अंसारी ने कहा कि पसमांदा समाज को अब केवल आश्वासन नहीं, बल्कि सत्ता और निर्णय प्रक्रिया में सीधी भागीदारी चाहिए। उन्होंने समाज से शिक्षा, संगठन और राजनीतिक जागरूकता बढ़ाने का आह्वान किया।




